चतरा, झारखंड — झारखंड के चतरा जिले ने एक ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। नीति आयोग द्वारा मार्च 2025 में जारी आकांक्षी जिलों की डेल्टा रैंकिंग में चतरा ने देश के 112 आकांक्षी जिलों में पहला स्थान प्राप्त कर राज्य का मान बढ़ाया है। इस शानदार प्रदर्शन के लिए जिले को ₹10 करोड़ की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी।
यह रैंकिंग नीति आयोग के आकांक्षी जिला कार्यक्रम (Aspirational Districts Programme) के तहत जारी की गई है, जिसका उद्देश्य देश के पिछड़े जिलों में तेज़ और समावेशी विकास को बढ़ावा देना है।
स्वास्थ्य, शिक्षा और आधारभूत ढांचे में उत्कृष्ट प्रदर्शन
चतरा ने विशेष रूप से स्वास्थ्य सेवाओं, प्राथमिक शिक्षा, पोषण, वित्तीय समावेशन और आधारभूत संरचना जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों में उल्लेखनीय सुधार और प्रभावी क्रियान्वयन दिखाया है।
जिले में:
- स्वास्थ्य केंद्रों की सुविधाओं का सुदृढ़ीकरण
- स्कूलों में नामांकन और उपस्थिति दर में वृद्धि
- कुपोषण दर में गिरावट
- डिजिटल और बैंकिंग सेवाओं तक पहुंच में सुधार
जैसे कई सुधारात्मक कदम उठाए गए, जिनका सीधा असर आम जनता के जीवन स्तर पर पड़ा।
झारखंड के लिए गर्व का क्षण
चतरा जिले की यह उपलब्धि केवल जिला प्रशासन की मेहनत का परिणाम नहीं है, बल्कि स्थानीय समुदायों, शिक्षकों, स्वास्थ्यकर्मियों और स्वयंसेवकों के संयुक्त प्रयासों का प्रमाण है। यह सफलता झारखंड को राष्ट्रीय स्तर पर विकास की दिशा में अग्रणी राज्य के रूप में स्थापित करने की दिशा में एक मजबूत कदम है।
₹10 करोड़ की प्रोत्साहन राशि का होगा समावेशी उपयोग
नीति आयोग द्वारा दी गई ₹10 करोड़ की धनराशि का उपयोग जिले में विकास कार्यों को और अधिक प्रभावी बनाने, योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन और सेवा वितरण प्रणाली को मजबूत करने में किया जाएगा।
चतरा के उपायुक्त ने इस अवसर पर कहा:
“यह सम्मान हर उस व्यक्ति की मेहनत का फल है जिसने जिले को बेहतर बनाने के लिए ईमानदारी से कार्य किया। हम यह सुनिश्चित करेंगे कि यह पुरस्कार राशि विकास कार्यों में पारदर्शिता और परिणामों के साथ खर्च की जाए।”
क्या है आकांक्षी जिला कार्यक्रम?
आकांक्षी जिला कार्यक्रम 2018 में नीति आयोग द्वारा शुरू किया गया था, जिसका उद्देश्य देश के पिछड़े जिलों में तेजी से विकास, सार्वजनिक सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार और नागरिकों के जीवन स्तर को ऊपर उठाना है। इसमें शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, वित्तीय समावेशन और आधारभूत ढांचे जैसे विषयों पर विशेष ध्यान दिया जाता है।
निष्कर्ष
चतरा जिले का देशभर में पहला स्थान पाना इस बात का प्रतीक है कि दूरस्थ और पिछड़े माने जाने वाले क्षेत्र भी अगर सही दिशा में प्रयास करें, तो वह राष्ट्रीय स्तर पर उदाहरण बन सकते हैं। यह सफलता आने वाले समय में अन्य जिलों को भी प्रेरित करेगी।