बोकारो संवाददाता: झारखंड की तेजी से उभरती राजनीतिक ताकत झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा (JLKM) का पहला महाधिवेशन आज बोकारो में पूरे जोश और उत्साह के साथ संपन्न हुआ। इस महाधिवेशन की अध्यक्षता पार्टी अध्यक्ष व डुमरी विधायक जयराम महतो ने की। राज्यभर से जुटे सैकड़ों कार्यकर्ताओं की भागीदारी ने पार्टी की बढ़ती लोकप्रियता का संकेत दिया।

संगठन को दी गई नई ऊर्जा और जिम्मेदारियाँ
महाधिवेशन में पार्टी पदाधिकारियों को जिम्मेदारियाँ सौंपते हुए जयराम महतो ने कहा कि JLKM झारखंडी जनमानस के हक और अधिकार की लड़ाई को मंजिल तक पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने उम्मीद जताई कि पार्टी के सभी साथी कंधे से कंधा मिलाकर आगे बढ़ेंगे और जनसंघर्ष की इस राह को और मजबूती देंगे।
उन्होंने कहा, “उपस्थित साथियों का जोश, जुनून और जज़्बा मेरा भरोसा और भी बढ़ाता है। JLKM सिर्फ एक राजनीतिक दल नहीं, बल्कि झारखंडी अस्मिता और सामाजिक न्याय का प्रतीक है।”
भाषा, संस्कृति और 1932 का खतियान पार्टी की मूल आत्मा
जयराम महतो ने स्पष्ट किया कि JLKM की राजनीतिक सोच का मूल मंत्र है — भाषा, संस्कृति और 1932 का खतियान। उन्होंने इसे झारखंड की पहचान और अधिकार का आधार बताया, और कहा कि पार्टी हर हाल में इन मुद्दों पर संघर्षरत रहेगी।
महाधिवेशन के अंत में उन्होंने सभी कार्यकर्ताओं को शुभकामनाएं दीं और कहा —
“संघर्ष जारी रहेगा।”