जमशेदपुर। संवाददाता
महिलाओं को जोड़ने में निभाई अहम भूमिका
पूर्वी सिंहभूम जिले के गोलमुरी सह जुगसलाई प्रखंड के बागबेड़ा क्लस्टर में कार्यरत कम्युनिटी कोऑर्डिनेटर मंजूरी माइती ने स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से 6000 से अधिक महिलाओं को जीएसएलपीएस से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उनके प्रयासों से बड़ी संख्या में महिलाएं संगठन से जुड़कर आर्थिक और सामाजिक रूप से सशक्त बनने की दिशा में आगे बढ़ रही हैं।
स्वयं सहायता समूह से बढ़ रही आमदनी
मंजूरी माइती ने बताया कि स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से महिलाएं विभिन्न उत्पादक गतिविधियों से जुड़ रही हैं, जिससे उनकी आय में लगातार वृद्धि हो रही है। आर्थिक रूप से मजबूत होने के बाद महिलाएं न केवल अपने परिवार की जिम्मेदारियों में सहयोग कर रही हैं, बल्कि समाज में भी अपनी पहचान बना रही हैं।
समय पर ऋण मिलने से मिल रहा सहारा
महिला समूहों से जुड़ी महिलाओं को जरूरत पड़ने पर समय पर ऋण की सुविधा भी मिल जाती है, जिससे उनके छोटे-मोटे व्यवसाय और आजीविका से जुड़े कार्य बाधित नहीं होते। इससे महिलाओं को छोटी-छोटी जरूरतों के लिए दूसरों पर निर्भर नहीं रहना पड़ता।
कृषि और आजीविका गतिविधियों से जुड़ रही महिलाएं
सीसी मंजूरी माइती के मार्गदर्शन में महिलाओं को कृषि, हस्तशिल्प और अन्य आजीविका गतिविधियों से जोड़ने का काम किया जा रहा है। इसके साथ ही वे महिला सशक्तिकरण, जेंडर जागरूकता और सामाजिक भागीदारी को बढ़ावा देने के लिए भी लगातार प्रयासरत हैं।
हजारों महिलाओं के लिए बनीं प्रेरणा
उनके प्रयासों से क्षेत्र की हजारों महिलाएं संगठित होकर आत्मनिर्भरता की दिशा में कदम बढ़ा रही हैं। महिलाओं की यह पहल यह दर्शाती है कि सामूहिक प्रयास और कौशल विकास के माध्यम से वे न केवल अपनी आर्थिक स्थिति मजबूत कर सकती हैं, बल्कि सामाजिक बदलाव की भी मिसाल बन सकती हैं।