रांची: केंद्र में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार के 11 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में भारतीय जनता पार्टी की ओर से आज रांची स्थित प्रदेश भाजपा कार्यालय में विकास प्रदर्शनी का आयोजन किया गया। इस अवसर पर पूर्व केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी ने प्रदर्शनी का उद्घाटन किया और एक प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए मोदी सरकार की प्रमुख उपलब्धियों को विस्तार से गिनवाया।
कार्यक्रम में प्रदेश भाजपा अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी, राज्यसभा सांसद आदित्य साहू सहित बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता और पदाधिकारी उपस्थित थे।
सामाजिक समावेशन और महिला सशक्तिकरण पर ज़ोर
स्मृति ईरानी ने कहा कि भाजपा की राजनीति गरीबों, वंचितों और किसानों के कल्याण पर आधारित पंच निष्ठाओं से संचालित होती है। उन्होंने बताया कि मौजूदा केंद्रीय मंत्रिमंडल में बड़ी संख्या में एसटी, एससी और ओबीसी वर्ग के मंत्री शामिल हैं, जो सामाजिक समावेशन की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
महिलाओं की सुरक्षा और सशक्तिकरण पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि मोदी सरकार ने महिलाओं को सैनिक स्कूलों में प्रवेश का अवसर देकर ऐतिहासिक निर्णय लिया। साथ ही उन्होंने कहा कि जब देश की महिलाओं की गरिमा पर हमला हुआ, तब भारतीय सैनिकों ने शौर्य का प्रदर्शन कर देश की रक्षा की।
जन-मन योजना और आदिवासी कल्याण पर फोकस
उन्होंने बताया कि झारखंड से शुरू की गई “जन-मन योजना” के तहत आदिवासी समुदाय को पेयजल, आवास और आधारभूत ढांचे के लिए 24 करोड़ रुपये से अधिक की योजनाएं दी गई हैं।
विकास की बड़ी उपलब्धियां गिनाईं
स्मृति ईरानी ने मोदी सरकार की 11 वर्षों की कई उपलब्धियों को साझा किया, जिनमें शामिल हैं:
जन धन योजना के माध्यम से करोड़ों लोगों को बैंकिंग से जोड़ा गया
कोविड महामारी के दौरान भारत की वैश्विक स्तर पर प्रभावशाली भूमिका
15 करोड़ से अधिक गरीबों को आवास
12 करोड़ शौचालय निर्माण
हर घर को गैस कनेक्शन की सुविधा
स्वच्छ भारत मिशन की सफलता
कृषि बजट में पांच गुना वृद्धि, 3.7 लाख करोड़ रुपये तक पहुंचा
11 करोड़ किसानों को लाभ, 25 करोड़ लोगों को हेल्थ कार्ड उपलब्ध
उन्होंने कहा कि ये सभी योजनाएं मोदी सरकार की गरीब-कल्याण और विकास के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाती हैं।
समापन में स्मृति ईरानी ने कहा: “भाजपा सरकार की नीतियां केवल आंकड़ों तक सीमित नहीं, बल्कि लोगों के जीवन में बदलाव लाने वाली हैं। हमारा लक्ष्य है – सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास।”