जमशेदपुर | संवाददाता
जमशेदपुर स्थित टाटा कंपनी के एक संवेदक पर बिना किसी वैध कारण के मजदूरों को काम से निकालने का गंभीर आरोप लगा है। इस मामले को लेकर यूथ इंटक के पदाधिकारियों ने उप श्रमायुक्त से मुलाकात कर कार्रवाई की मांग की है।
मजदूरों ने बताया कि उन्होंने इस अन्याय की शिकायत मार्च महीने में ही उप श्रमायुक्त कार्यालय में की थी, लेकिन कई महीनों के बाद भी उन्हें न्याय नहीं मिल सका। इससे निराश होकर उन्होंने मामला यूथ इंटक के प्रदेश अध्यक्ष सत्यम सिंह के समक्ष रखा।
सत्यम सिंह ने संवेदक की कार्रवाई को पूरी तरह अवैध करार देते हुए कहा कि मजदूरों को बिना किसी कारण नौकरी से हटाना श्रम कानूनों का उल्लंघन है। उन्होंने आश्वासन दिया कि यूथ इंटक मजदूरों के अधिकारों की रक्षा के लिए हर स्तर पर संघर्ष करेगी।