बहरागोड़ा संवाददाता (निलेश बेरा )
बहरागोड़ा प्रखंड क्षेत्र के विभिन्न गांवों में मंगलवार को श्रद्धा और आस्था के साथ मां विपद तारिणी की पूजा-अर्चना की गई। इस अवसर पर बड़ी संख्या में महिलाओं ने व्रत रखकर पारंपरिक विधि से माता की पूजा की और अपने परिवार के सुख, शांति व कल्याण की कामना की।
कई गांवों में हुआ धार्मिक आयोजन
पूजा कार्यक्रम बहरागोड़ा, बेंदा, मौदा, केशरदा, साकरा, गामारिया, सासन, मानुषमुडिया, जगन्नाथपुर, खंडामौदा, पंचरुलिया, चित्रेस्वर, पाचंडो सहित प्रखंड के कई गांवों के मंदिरों में संपन्न हुआ। सभी स्थानों पर महिलाओं की उपस्थिति उत्साहजनक रही।
पूजन सामग्री और भक्ति भाव
महिलाओं ने मंदिरों में 13 प्रकार के फल, फूल, पान, सुपारी, ध्रुवा घास, मिठाई आदि से मां विपद तारिणी को भोग अर्पित किया। इसके बाद मंदिर में प्रसाद चढ़ाकर, लाल धागा बांधा और परिवार पर आए संकटों से मुक्ति की प्रार्थना की।
पारंपरिक मान्यता और उद्देश्य
यह पूजा विशेष रूप से सुहागिन महिलाएं अपने पति, संतान और समस्त परिवार की भलाई के लिए करती हैं। मान्यता है कि रथयात्रा के बाद जो पहला शनिवार और मंगलवार आता है, उसमें मां विपद तारिणी की पूजा करने से भक्तों की हर विपत्ति दूर होती है।
पूजा विधि और कथा वाचन
मंदिरों में पुरोहितों द्वारा विधिवत पूजा कराई गई। पूजन के उपरांत श्रद्धालुओं को मां विपद तारिणी की कथा सुनाई गई, जिसमें उनके चमत्कारों और भक्ति के महत्व का वर्णन किया गया। पूजा के बाद प्रसाद का वितरण भी किया गया।
उपवास के बाद व्रत समापन
पूरे दिन उपवास रखने के बाद, महिलाओं ने शाम को पूजा समापन के पश्चात व्रत खोला। वातावरण भक्तिमय और श्रद्धा से परिपूर्ण रहा।