बहरागोड़ा। संवाददाता
बहरागोड़ा महाविद्यालय के बीएड संकाय में सत्र 2025-27 के नए छात्रों का स्वागत समारोह गुरुवार को बड़े हर्ष और उत्साह के साथ आयोजित किया गया। इस दौरान कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण रहा—प्राचार्य डॉ. बालकृष्ण बेहरा का संबोधन, जिन्होंने बीएड संकाय को “मानव निर्माण का कारखाना” बताते हुए कहा कि यहां से निकलने वाले शिक्षक समाज में परिवर्तन के वाहक बनते हैं।
प्राचार्य बोले—”शिक्षक समाज का कारीगर, इसलिए ज़िम्मेदारी भी सबसे बड़ी”
अपने प्रेरक भाषण में प्राचार्य डॉ. बेहरा ने बताया कि शिक्षक सिर्फ अध्यापन नहीं करता, बल्कि समाज के भविष्य की नींव तैयार करता है। उन्होंने कहा कि महाविद्यालय की पहचान हमेशा से नियमित और गुणवत्तापूर्ण शिक्षण-प्रशिक्षण के लिए रही है, इसलिए कक्षाओं में अनुशासन और समयपालन को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाती है।
उन्होंने नए छात्रों को सलाह दी कि वे पढ़ाई के साथ-साथ सांस्कृतिक, साहित्यिक और सामाजिक गतिविधियों में भी हिस्सा लें, क्योंकि इससे उनका व्यक्तित्व निखरता है और वे एक सम्पूर्ण शिक्षक बन पाते हैं।
नए छात्रों ने दिया परिचय, शिक्षकों ने बढ़ाया उत्साह
स्वागत सत्र के दौरान सभी नए विद्यार्थियों ने अपना परिचय दिया और बीएड प्रशिक्षण को लेकर अपनी आकांक्षाएं साझा कीं।
कार्यक्रम का संचालन बीएड विभागाध्यक्ष डॉ. जितेंद्र कुमार ने किया।
इस मौके पर डॉ. हर्षित टोपनो, धनंजय कुमार सिंह, सुकांत बंदा सहित विभाग के कई शिक्षकों ने छात्रों को शुभकामनाएं दीं और उन्हें आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम में कई गणमान्य शिक्षक रहे मौजूद
स्वागत समारोह में महाविद्यालय के वरिष्ठ सदस्य —
राजीव प्रिया दर्शनम्, एस. समीर कश्यप, डॉ. बी. बी. नायक, डॉ. चौधरी, गोपाल दास और समरेंद्र रंजन सिंह — भी उपस्थित रहे।
सभी ने संयुक्त रूप से महाविद्यालय के शैक्षणिक मूल्यों और बेहतर शैक्षणिक वातावरण को आगे बढ़ाने की प्रतिबद्धता दोहराई।