रांची, संवाददाता।
झारखंड विधानसभा के मानसून सत्र का तीसरा दिन भी हंगामे की भेंट चढ़ गया। सदन शुरू होने से पहले ही सत्ता पक्ष और विपक्ष के विधायक हाथों में तख्तियां लिए विरोध प्रदर्शन करते दिखे। नारेबाजी और हंगामे के बीच कार्यवाही बार-बार बाधित होती रही।
विपक्ष का हंगामा –
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के विधायकों ने लगातार तीसरे दिन रिम्स-2 निर्माण परियोजना और सूर्या हांसदा एनकाउंटर की जांच को लेकर जोरदार विरोध किया। भाजपा विधायकों का आरोप था कि राज्य सरकार इन मुद्दों पर गंभीर नहीं है और पारदर्शिता से काम नहीं कर रही। उनका कहना था कि रिम्स-2 की योजना पर कई सवाल खड़े हैं और सूर्या हांसदा एनकाउंटर की जांच सीबीआई से कराई जानी चाहिए।
सत्ता पक्ष का रुख –
वहीं सत्ता पक्ष के विधायक भी आक्रामक दिखे। उन्होंने 130वें संविधान संशोधन का विरोध करते हुए कहा कि यह संशोधन झारखंड के अधिकारों के खिलाफ है और जनहित के विपरीत है। सत्ता पक्ष ने साफ किया कि राज्य में इस तरह का संशोधन लागू नहीं होने दिया जाएगा।
सदन का माहौल गरमाया –
सत्र के दौरान सदन के भीतर और बाहर दोनों ओर जोरदार नारेबाजी हुई। विपक्ष और सत्ता पक्ष की तल्खियों के कारण कई महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा अधर में रह गई।
मानसून सत्र के तीसरे दिन की कार्यवाही से यह साफ हो गया है कि आने वाले दिनों में भी सदन का माहौल टकरावपूर्ण रहने वाला है।