बहरागोड़ा। संवाददाता (एन. बेरा)
बहरागोड़ा प्रखंड क्षेत्र के केसरदा पंचायत अंतर्गत मोहूली गांव में शनिवार को आयोजित मनसा पूजा के अवसर पर भक्ति, श्रद्धा और उत्साह का अद्भुत संगम देखने को मिला। गांव के तालाब से ढोल-नगाड़ों और गाजे-बाजे के साथ भव्य कलश यात्रा निकाली गई, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए।
इस कलश यात्रा का मुख्य आकर्षण रहे स्थानीय उस्ताद, जिन्होंने अपने गले में ज़िंदा साँप लपेटकर एक से बढ़कर एक हैरतअंगेज करतब दिखाए। उनके इस प्रदर्शन ने भक्तिमय माहौल को और भी रोमांचक बना दिया और उपस्थित श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध कर दिया।
मां मनसा देवी, जिन्हें सर्पों की देवी माना जाता है, की यह पूजा मुख्य रूप से सर्प दंश से रक्षा और परिवार की सुख-समृद्धि की कामना के लिए की जाती है। मोहूली गांव में आयोजित इस पूजा के दौरान स्थानीय परंपराओं और अनुष्ठानों का पूरी निष्ठा और श्रद्धा के साथ पालन किया गया।
कलश यात्रा के समापन पर मां मनसा थान में कलश की स्थापना कर विधिवत पूजा-अर्चना की गई, जिसमें सैकड़ों भक्तों ने भाग लिया। यह आयोजन गांव की सांस्कृतिक विरासत और सामुदायिक सौहार्द की मिसाल पेश करता है।
इधर, खांडामौदा गांव स्थित मां मनसा मंदिर में भी पूजा-अर्चना धूमधाम से संपन्न हुई। सेवायत विनय कुमार बेरा के नेतृत्व में बेलसाघर तालाब से कलश यात्रा निकाली गई और समिति सदस्यों के साथ गांव भ्रमण के बाद मां मनसा थान में कलश स्थापना कर पूजा की गई।
इस अवसर पर खांडामौदा मां मनसा देवी समिति के सदस्य —
कान्हू बेरा, खेत्रमोहन सीट, सरत चंद्र बेरा, निवारण बेरा, पवित्र बेरा, स्वपन बेरा, चतुर्भुज बेरा, संजीव बेरा, सुप्रसन्न बेरा, मारकंड़ बेरा, काठीया बेरा, मनसासिष बेरा, निरंजन सीट, मिहिर बेरा, बापी बेरा, हरिहर भगत, जयंत बेरा और सत्यब्रत सीट सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण शामिल हुए।