झारखंड के प्रमुख आदिवासी नेता और झारखंड आंदोलन के पुरोधा माने जाने वाले दिशोम गुरु शिबू सोरेन का निधन हो गया है। उन्होंने दिल्ली स्थित सर गंगा राम अस्पताल में अंतिम सांस ली। पिछले कुछ समय से उनकी तबीयत लगातार बिगड़ती जा रही थी, जिसके चलते उन्हें इलाज के लिए दिल्ली लाया गया था। अस्पताल में भर्ती होने के बाद डॉक्टरों ने उनकी हालत को गंभीर बताया था।
मिली जानकारी के अनुसार, शिबू सोरेन को किडनी में संक्रमण और ब्रोंकाइटिस की शिकायत थी। उम्र संबंधी बीमारियों के कारण उनकी स्थिति लगातार बिगड़ती चली गई और आखिरकार उन्होंने दुनिया को अलविदा कह दिया।
उनके निधन से झारखंड में शोक की लहर दौड़ गई है। राजनीतिक, सामाजिक और जनजातीय संगठनों में गहरा दुख व्याप्त है। उनके योगदान को हमेशा याद रखा जाएगा।