घाटशिला संवाददाता : में गुरुवार को श्रद्धा और आस्था के माहौल में महिलाओं ने अक्षया नवमी का पर्व मनाया। तड़के से ही महिलाएं पूजा की थाली लेकर आंवला वृक्ष के नीचे एकत्र हुईं और पारंपरिक विधि-विधान के साथ पूजा-अर्चना की। इस दौरान उन्होंने परिवार के सुख, शांति और समृद्धि की कामना की।
पूजन कार्यक्रम में नूतन सिंह ने बताया कि परंपरा के अनुसार पूजा के बाद व्रत कथा का पाठ किया गया और आंवले के फल का सेवन कर व्रत का समापन हुआ। पंडित सोमेश्वर झा ने धार्मिक कथा का वाचन किया।
मान्यता है कि अक्षया नवमी के दिन आंवला वृक्ष की पूजा करने से स्वास्थ्य, सौभाग्य और धन की प्राप्ति होती है। पौराणिक कथाओं में उल्लेख है कि इसी दिन देवी लक्ष्मी ने भगवान विष्णु और भगवान शिव की एक साथ आराधना करने के लिए आंवले के पेड़ की पूजा की थी। इसीलिए इस दिन को अत्यंत शुभ माना जाता है।