कथा व्यास आरती किशोरी बोलीं — “जैसा कर्म, वैसा फल”
चाकुलिया |( संवाददाता — रोहन सिंह )
चाकुलिया नगर पंचायत के नामोपाड़ा स्थित रासमंच में रासमंच मंदिर के तत्वावधान में जारी श्रीमद् भागवत सप्ताह ज्ञानयज्ञ के दूसरे दिन शुक्रवार को कथा श्रवण के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित हुए।
कथा व्यास सुश्री आरती किशोरी ने इस अवसर पर परीक्षित जन्म, कपिल भूमि उपतार और दक्ष प्रजापति यज्ञ जैसे प्रसंगों पर विस्तृत व्याख्यान दिया। उन्होंने अपने मधुर भजनों और आध्यात्मिक प्रवचनों से श्रोताओं को भावविभोर कर दिया।
कथा के दौरान सुश्री किशोरी ने कहा कि “श्रीमद् भागवत कथा का श्रवण अनेक जन्मों के पुण्य उदय से ही संभव होता है। मनुष्य जैसा कर्म करता है, वैसा ही फल उसे प्राप्त होता है। अच्छे कर्म का फल सदैव शुभ होता है, जबकि बुरे कर्म का फल दुखद होता है।”

कार्यक्रम में लक्ष्मी नारायण दास, पतित पावन दास, दिलीप कुमार दास (लिलि), विप्लव दास (बूबाई), रंजीत दास, चंद्रदेव महतो, गिरिधारी महतो, पशुपति बेरा, देवदास पांडा, रंजीत कुमार दास, तारक नाथ दास, कृष्णचंद्र बेरा, बिजय मिश्रा, राजेश कुमार दास, भोला नाथ दास, मानवेन्द्र पांडा, उत्पल पांडा, देवाशीष दास, पंकज दास, अजय रूंगटा, तुहीन पांडा सहित अनेक श्रद्धालु उपस्थित रहे।