अबुआ खबर का असर – जनता की आवाज पहुँची सरकार तक
“अबुआ खबर” की विशेष रिपोर्ट में जैसे ही मौदा जलापूर्ति योजना की दुर्दशा को उजागर किया गया, झामुमो नेता कुणाल षाड़ंगी ने स्वयं पहल करते हुए मंत्री से सीधी बातचीत की। मंत्री ने न केवल समस्या को गंभीरता से लिया, बल्कि विभागीय सचिव से रिपोर्ट भी तलब कर ली।
“हमर बात, तोहर आवाज” केवल एक टैगलाइन नहीं, अबुआ खबर की पत्रकारिता का मूल मंत्र है – जहाँ हर आम नागरिक की समस्या, उसकी बात और उसकी चिंता को मंच मिलता है। जब कोई बात “अबुआ खबर” में उठती है, तो वह सिर्फ खबर नहीं रहती – वह आंदोलन बन जाती है, बदलाव की शुरुआत बन जाती है।
रांची/बहरागोड़ा, 2 जून:
झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के केंद्रीय प्रवक्ता कुणाल षाड़ंगी ने सोमवार को रांची में पेयजल एवं स्वच्छता विभाग के मंत्री योगेन्द्र प्रसाद से मुलाकात कर पूर्वी सिंहभूम जिले की मौदा, बागबेडा, चंदनपुर, गोविंदपुर समेत कई स्वीकृत, लंबित और ठप पड़ी ग्रामीण जलापूर्ति योजनाओं की स्थिति पर गंभीर चर्चा की।
मंत्री ने मांगी रिपोर्ट, जल्द समाधान का आश्वासन
बैठक के दौरान मंत्री योगेन्द्र प्रसाद ने सभी प्रभावित जल योजनाओं की अद्यतन स्थिति पर विभागीय सचिव से रिपोर्ट तलब करने की बात कही। उन्होंने भरोसा दिलाया कि इन योजनाओं से जुड़े तकनीकी और संचालन संबंधी समस्याओं को शीघ्र दूर किया जाएगा, ताकि ग्रामीणों को पेयजल संकट से राहत मिल सके।
क्या है मौदा जलापूर्ति योजना की स्थिति?
मौदा जलापूर्ति योजना के तहत स्वर्णरेखा नदी से पाइपलाइन द्वारा पानी लाकर ट्रीटमेंट प्लांट में शुद्ध कर 3.60 लाख लीटर क्षमता वाली टंकी के माध्यम से गांवों को जलापूर्ति की जाती थी। लेकिन पिछले कुछ महीनों से टंकी में पर्याप्त मात्रा में पानी नहीं चढ़ने से यह व्यवस्था लगभग ठप है।